खालिस्तानी आतंकियों को संरक्षण देने को लेकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कनाडा सरकार की छवि धूमिल होती जा रही है. वहीं भारत के साथ रिश्तों में खटास भी बढ़ गई है. इस बीच खुफिया सूत्रों से हैरान कर देने वाली जानकारी सामने आई है कि कनाडा में खालिस्तानी तत्व, विशेष रूप से लिबरल पार्टी और न्यू डेमोक्रेटिक पार्टी, वैंकूवर में पाकिस्तान के इंटर-सर्विसेज इंटेलिजेंस (आईएसआई) एजेंटों से नियमित रूप से फंडिंग प्राप्त कर रहे हैं. सूत्रों का कहना है कि खालिस्तानी तत्व “इमिग्रेशन” के नाम पर छात्रों से पैसे ले रहे हैं और उनका इस्तेमाल “भारत विरोधी प्रचार” के लिए कर रहे हैं.
छात्रों का इस्तेमाल भारत विरोधी गतिविधियों में कर रहे खालिस्तानी
इसके अलावा यह भी जानकारी सामने आई है कि जो छात्र कनाडा से भारत नहीं लौटना चाहते हैं, उनका इस्तेमाल खालिस्तानी समूहों द्वारा भारत और कनाडा में भारतीय उच्चायोग के खिलाफ विरोध प्रदर्शन करने के लिए किया जा रहा है. हालांकि पुराने कनाडाई खालिस्तानी समूहों का समर्थन करने के पक्ष में नहीं हैं. लेकिन नए समूह अपने फायदे के लिए उनके साथ मिलीभगत कर रहे हैं. सूत्रों ने आगे बताया कि 2021 में नई दिल्ली में प्रमुख कृषि बिल पर किसानों के विरोध को कनाडाई और पाकिस्तानी सरकारों द्वारा समर्थित खालिस्तानी तत्वों द्वारा बढ़ावा दिया गया था.
लाल किले पर फहराए गए धार्मिक झंडे में कनाडा के लोगों का हाथः सूत्र
दरअसल, 2021 में गणतंत्र दिवस पर लाल किले पर एक पोल पर चढ़े सिख प्रदर्शनकारियों द्वारा फहराए गए धार्मिक झंडे में कनाडा के लोगों का हाथ था, ऐसा सूत्रों ने News18 को बताया. सूत्रों ने बताया कि भारत विरोधी दुष्प्रचार फैलाने वालों ने देश विरोधी गतिविधियों को अंजाम देने के लिए भारत, खासकर पंजाब में नशा करने वालों की भी पहचान की है. खुफिया इनपुट के मुताबिक खालिस्तानी ग्रुप अब कनाडा में ट्रूडो सरकार के नियंत्रण से बाहर हो गए हैं.
कनाडा में स्थित वाणिज्यिक दूतावास को बंद करने की अपील कर रहे खालिस्तानी
सूत्रों ने आगे कहा कि कनाडा में खालिस्तानी समूह वाणिज्य दूतावासों को बंद करने की मांग कर रहा है. ट्रूडो ने संसद में भारत पर जून में कनाडा के एक उपनगर में प्रतिबंधित खालिस्तान टाइगर फोर्स (केटीएफ) के प्रमुख हरदीप सिंह निज्जर की हत्या में शामिल होने का आरोप लगाया था. निज्जर भारत में वांछित आतंकवादी था और उसके खिलाफ रेड कॉर्नर नोटिस भी जारी था.

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